विवाह मुहूर्त जनवरी 2027
जनवरी 2027 में विवाह के लिए 9 शुभ दिन हैं। हर दिन का नक्षत्र, तिथि और शुभ समय नीचे दिया गया है। गणना में नक्षत्र, तिथि, वार, खरमास, चातुर्मास, होलाष्टक, भद्रा और गुरु-शुक्र अस्त का ध्यान रखा गया है।
| तारीख | नक्षत्र · तिथि | शुभ समय |
|---|---|---|
| 15 जनवरी, शुक्रवार | रेवती · शुक्ल सप्तमी | सुबह 7:14 से दोपहर 2:14 |
| 20 जनवरी, बुधवार | मृगशिरा · शुक्ल त्रयोदशी | सुबह 7:14 से शाम 4:19 |
| 23 जनवरी, शनिवार | मघा · कृष्ण द्वितीया | सुबह 4:53 से सुबह 7:13 (अगली सुबह) |
| 24 जनवरी, रविवार | मघा · कृष्ण तृतीया | सुबह 7:13 से रात 9:33 |
| 25 जनवरी, सोमवार | उत्तरा फाल्गुनी · कृष्ण पंचमी | सुबह 6:02 से सुबह 7:12 (अगली सुबह) |
| 27 जनवरी, बुधवार | हस्त · कृष्ण षष्ठी | सुबह 7:11 से रात 11:56 |
| 28 जनवरी, गुरुवार | स्वाती · कृष्ण सप्तमी | रात 12:36 से सुबह 7:11 (अगली सुबह) |
| 29 जनवरी, शुक्रवार | स्वाती · कृष्ण अष्टमी | सुबह 7:10 से रात 1:55 (अगली सुबह) |
| 31 जनवरी, रविवार | अनुराधा · कृष्ण दशमी | सुबह 7:10 से शाम 7:40 |
अपने शहर के मुहूर्त देखें
शुभ समय हर शहर के सूर्योदय के अनुसार थोड़ा बदलता है। कोष्ठक में इस महीने के मुहूर्तों की संख्या है।
- लखनऊ (8)
- आगरा (9)
- अहमदाबाद (9)
- अलीगढ़ (9)
- अंबाला (9)
- अमृतसर (9)
- अयोध्या (8)
- बरेली (9)
- बेंगलुरु (8)
- भोपाल (9)
- भुवनेश्वर (8)
- बीकानेर (9)
- चंडीगढ़ (9)
- चेन्नई (8)
- देहरादून (9)
- दिल्ली (9)
- फरीदाबाद (9)
- गाज़ियाबाद (9)
- गोरखपुर (8)
- गुरुग्राम (9)
- गुवाहाटी (8)
- ग्वालियर (9)
- हरिद्वार (9)
- हिसार (9)
- हैदराबाद (8)
- इंदौर (9)
- जबलपुर (8)
- जयपुर (9)
- जालंधर (9)
- जम्मू (9)
- जोधपुर (9)
- कानपुर (9)
- करनाल (9)
- कोलकाता (8)
- कोटा (9)
- लुधियाना (9)
- मेरठ (9)
- मुंबई (9)
- नागपुर (8)
- नोएडा (9)
- पानीपत (9)
- पटियाला (9)
- पटना (8)
- प्रयागराज (8)
- पुणे (9)
- रायपुर (8)
- राजकोट (9)
- रांची (8)
- रोहतक (9)
- शिमला (9)
- श्रीनगर (9)
- सूरत (9)
- उदयपुर (9)
- वडोदरा (9)
- वाराणसी (8)
पहले कुंडली मिलान करें विवाह मुहूर्त टूल
महीने के अनुसार विवाह मुहूर्त
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
जनवरी 2027 में शादी की शुभ तारीखें कौन सी हैं?
15 जनवरी, 20 जनवरी, 23 जनवरी, 24 जनवरी, 25 जनवरी, 27 जनवरी, 28 जनवरी, 29 जनवरी, 31 जनवरी।
विवाह मुहूर्त में किन बातों का ध्यान रखा जाता है?
शुभ नक्षत्र, तिथि और वार, साथ ही खरमास, चातुर्मास, होलाष्टक और गुरु-शुक्र अस्त के समय विवाह नहीं किया जाता।